पापांकुशा एकादशी व्रतकथा 2025 पढ़ें ये व्रत कथा, मोक्ष की होगी प्राप्ति

Papankusha Ekadashi Vrat Katha

पापांकुशा एकादशी का व्रत भगवान विष्णु को समर्पित है। यह व्रत आश्विन माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को आता है और इसे करने से समस्त पापों का नाश होकर आत्मा को मोक्ष की प्राप्ति होती है। इस वर्ष पापांकुशा एकादशी 3 अक्टूबर 2025, शुक्रवार को मनाई जाएगी। खास बात यह है कि इस […]

Papankusha Ekadashi 2025– तिथि शुभ मुहूर्त पूजा विधि महत्व और दान का फल

Papankusha Ekadashi 2025

Papankusha Ekadashi 2025– तिथि शुभ मुहूर्त पूजा विधि महत्व और दान का फल पापांकुशा एकादशी हिंदू धर्म की एक प्रमुख एकादशी है, जो हर वर्ष आश्विन मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को मनाई जाती है। धार्मिक मान्यता है कि इस दिन विधिपूर्वक व्रत और पूजा करने से साधक के सारे पाप नष्ट हो […]

सांख्य योगी क्यों मानता है कि मैं कुछ नहीं करता?

Bhagavad Gita Chapter 5 Verse 8 9

Bhagavad Gita Chapter 5 Verse 8 & 9 नैव किंचित्करोमीति युक्तो मन्येत तत्त्ववित् । पश्यञ्शृण्वन्स्पृशञ्जिघ्रन्नश्नन्नाच्छन्स्वपञ्श्वसन् ॥८॥प्रलपन्विसृजन्गृह्णन्नुन्मिषन्निमिषन्नपि ।इन्द्रियाणीन्द्रियार्थेषु वर्तन्त इति धारयन् ॥९॥ अर्थात भगवान अर्जुन को कहते हैं, जो सांख्य योगी तत्व को जानता है, वह देखता है, सुनता है, स्पर्श करता है, सूंघता है, खाता है, चलता है, ग्रहण करता है, बोलता है, त्यागता है, […]

Navratri Day 9 माँ सिद्धिदात्री – सभी सिद्धियाँ प्रदान करने वाली नवमी शक्ति

Navratri Day 9 माँ सिद्धिदात्री – सभी सिद्धियाँ प्रदान करने वाली नवमी शक्ति

Navratri Day 9 माँ सिद्धिदात्री – सभी सिद्धियाँ प्रदान करने वाली नवमी शक्ति नवरात्रि का नौवां दिन माँ दुर्गा की नवमी शक्ति माँ सिद्धिदात्री को समर्पित है। माँ सिद्धिदात्री वह देवी हैं जो अपने भक्तों को सभी प्रकार की सिद्धियाँ प्रदान करती हैं। उनकी उपासना से साधक को जीवन में अद्भुत शक्ति, सफलता और दिव्य […]

Navratri Day 8 Durga Ashtami माता महागौरी – नवरात्रि का आठवाँ दिन और महत्व

Navratri Day 8

Navratri Day 8 Durga Ashtami माता महागौरी – नवरात्रि का आठवाँ दिन और महत्व नवरात्रि का आठवाँ दिन माता दुर्गा के आठवें स्वरूप – माता महागौरी को समर्पित है। इस दिन को अष्टमी या दुर्गाष्टमी भी कहा जाता है। माता महागौरी पवित्रता, शांति और कल्याण की प्रतीक हैं। उनकी पूजा से जीवन में सुख-शांति, पवित्रता […]

Navratri Day 7: मा कालरात्रि की कथा स्वरूप पूजा विधि और महिमा

Navratri Day 7

Navratri Day 7: मा कालरात्रि की कथा स्वरूप पूजा विधि और महिमा नवरात्रि 2025 की सप्तमी पर जानें मा कालरात्रि की कथा, स्वरूप, पूजा विधि और महिमा। शुभंकरी माता की पौराणिक कथा और रक्तबीज वध की कहानी के साथ उनकी आराधना का महत्व पढ़ें। मा कालरात्रि की कथा और महिमा नवरात्रि की सप्तमी तिथि को […]

कर्मयोगी इन्द्रियों को वश में करके जीवन में क्या लाभ पाता है?

Bhagavad Gita Chapter 5 Verse 7

Bhagavad Gita Chapter 5 Verse 7 योगयुक्तो विशुद्धात्मा विजितात्मा जितेन्द्रियः ।सर्वभूतात्मभूतात्मा कुर्वन्नपि न लिप्यते ॥७॥ अर्थात भगवान अर्जुन को कहते हैं, जो कर्मयोगी अपनी इन्द्रियों को वश में रखता है, जिसका मन शुद्ध है, जिसका शरीर वश में है, तथा जिसकी आत्मा समस्त प्राणियों की आत्मा है, वह कर्म करते हुए भी आसक्त नहीं होता। […]

क्या आप सच में रामायण को जानते हैं? 10 प्रमाण जो बताते हैं कि श्रीराम ने कभी सीता माता का त्याग नहीं किया और अग्निपरीक्षा वास्तविक नहीं थी

क्या आप सच में रामायण को जानते हैं?

भारतीय संस्कृति और धर्म में रामायण का स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण है। लेकिन समय के साथ इसमें कई कहानियाँ जोड़ी गईं, जिनमें सबसे विवादित प्रसंग है — सीता माता का त्याग और अग्निपरीक्षा। बहुत से लोग मानते हैं कि श्रीराम ने सीता माता को वनवास भेजा था, जबकि मूल वाल्मीकि रामायण में ऐसा कोई उल्लेख नहीं […]

Navratri Day 5 देवी स्कंदमाता: पूजा विधि मंत्र भोग और कथा

Navratri Day 5

Navratri Day 5 देवी स्कंदमाता: पूजा विधि मंत्र भोग और कथा नवरात्रि का पावन पर्व साल में दो बार आता है और भारतभर में इसे अत्यंत श्रद्धा और उत्साह से मनाया जाता है। हर दिन माँ दुर्गा के अलग-अलग स्वरूप की आराधना की जाती है। नवरात्रि 2025 के पांचवें दिन देवी स्कंदमाता की पूजा का […]

क्या संन्यास बिना कर्मयोग के संभव है?

Bhagavad Gita Chapter 5 Verse 6

Bhagavad Gita Chapter 5 Verse 6 संन्यासस्तु महाबाहो दुःखमाप्तुमयोगतः ।योगयुक्तो मुनिर्ब्रह्म चिरेणाधिगच्छति ॥६॥ अर्थात भगवान अर्जुन को कहते हैं, परन्तु हे महाबाहो! कर्मयोग के बिना संन्यास प्राप्त करना कठिन है। मननशील कर्मयोगी शीघ्र ही ब्रह्म को प्राप्त कर लेता है। Shrimad Bhagavad Gita Chapter 5 Verse 6 Meaning in hindi क्या संन्यास बिना कर्मयोग के […]

Navratri Day 3 – माता चंद्रघंटा व्रत कथा और महत्व Maa Chandraghanta Vrat Katha 2025

Navratri Day 3 – माता चंद्रघंटा व्रत कथा और महत्व Maa Chandraghanta Vrat Katha 2025 नवरात्रि का तीसरा दिन माँ दुर्गा के चंद्रघंटा स्वरूप को समर्पित है। इस दिन की पूजा और व्रतकथा सुनने से भक्तों के सभी दुख दूर होते हैं और जीवन में शांति, साहस और समृद्धि का संचार होता है। आइए विस्तार […]

सांख्य योग और कर्म योग में क्या है समानता?

Bhagavad Gita Chapter 5 Verse 5

Bhagavad Gita Chapter 5 Verse 5 यत्सांख्यैः प्राप्यते स्थानं तद्योगैरपि गम्यते । एकं सांख्यं च योगं च यः पश्यति स पश्यति ॥५॥ अर्थात भगवान कहते हैं, जो तत्व सांख्य योगियों को प्राप्त होता है, वही कर्म योगियों को भी प्राप्त होता है। अतः जो व्यक्ति सांख्य योग और कर्म योग को एक ही रूप में […]