Chanakya Niti : असली और नकली मित्र की पहचान कैसे करें?
Chanakya Niti : असली और नकली मित्र की पहचान कैसे करें? मानव जीवन में मित्रता का स्थान अत्यंत महत्वपूर्ण माना […]
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Bhagavad Gita Chapter 6 Verse 9 सुहृन्मित्रार्युदासीनमध्यस्थद्वेष्यबन्धुषु साधुष्वपि च पापेषु समबुद्धिर्विशिष्यते ॥९॥ श्रुहद, मित्र, वेरी, उदासीन, मध्यस्थी, द्वेशी और संबंधियों
सभी लोगों के प्रति समबुद्धि क्यों आवश्यक है? गीता के इस उपदेश का क्या रहस्य है? Read Post »
Chanakya Niti for Peace of Mind in Hindi : मन की शांति पाने का रहस्य भागदौड़ भरी जिंदगी, तनाव, चिंता,
Chanakya Niti for Peace of Mind in Hindi : मन की शांति पाने का रहस्य Read Post »
Bhagavad Gita Chapter 6 Verse 8 ज्ञानविज्ञानतृप्तात्मा कूटस्थो विजितेन्द्रियः । युक्त इत्युच्यते योगी समलोष्टाश्मकाञ्चनः ॥८॥ जिनका अंत:करण ज्ञान विज्ञान द्वारा
क्या मिट्टी–पत्थर–सोने को समान देखने वाला ही योग में स्थित होता है? Read Post »
Chanakya Niti on Failure in Hindi : असफलता से सफलता की ओर बढ़ने के 9 शक्तिशाली नियम असफलता जीवन का
Chanakya Niti on Failure in Hindi : असफलता से सफलता की ओर बढ़ने के 9 शक्तिशाली नियम Read Post »
Bhagavad Gita Chapter 6 Verse 7 जितात्मनः प्रशान्तस्य परमात्मा समाहितः । शीतोष्णसुखदुःखेषु तथा मानापमानयोः ॥७॥ जिसने अपने आप पर विजय
मान-अपमान को समान भाव से कैसे स्वीकारें? गीता क्या सिखाती है? Read Post »
Chanakya Niti 7 Rules in Hindi – जीवन बदल देने वाले 7 सुनहरे नियम भारत के महान शिक्षक, अर्थशास्त्री और
Chanakya Niti 7 Rules in Hindi – जीवन बदल देने वाले 7 सुनहरे नियम Read Post »
Bhagavad Gita Chapter 6 Verse 6 बन्धुरात्मात्मनस्तस्य येनात्मैवात्मना जितः ।अनात्मनस्तु शत्रुत्वे वर्तेतात्मैव शत्रुवत् ॥६॥ जिसने खुद को जीत लिया है,
क्या स्वयं को जीतना ही सच्ची आध्यात्मिक विजय है? Read Post »
Chanakya Neeti : सफलता नीति रिश्तों और राजनीति का गहन ज्ञान चाणक्य (कौटिल्य/विष्णुगुप्त) न केवल एक महान राजनेता थे, बल्कि
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Bhagavad Gita Chapter 6 Verse 5 उद्धरेदात्मनात्मानं नात्मानमवसादयेत् । आत्मैव ह्यात्मनो बन्धुरात्मैव रिपुरात्मनः ॥५॥ खुद के ज़रिए खुद को बचाना।
क्या सच में इंसान स्वयं ही अपना मित्र और शत्रु होता है? Read Post »
Chanakya Neeti for Success : जीवन बदलने वाली 10 महत्वपूर्ण सीखें भारतीय इतिहास में चाणक्य-जिन्हें कौटिल्य और विष्णुगुप्त के नाम
Chanakya Neeti for Success : जीवन बदलने वाली 10 महत्वपूर्ण सीखें Read Post »
Bhagavad Gita Chapter 6 Verse 4 यदा हि नेन्द्रियार्थेषु न कर्मस्वनुषज्जते । सर्वसंकल्पसंन्यासी योगारूढस्तदोच्यते ॥४॥ अर्थात भगवान कहते हैं, जिस
क्या आसक्ति-मुक्त जीवन ही सच्चे योग की पहचान है? Read Post »